Location: Garhwa
गढ़वा में आज चिकित्सा क्षेत्र से जुड़ा एक अनोखा और ऐतिहासिक दृश्य देखने को मिला, जब बिश्रामपुर स्थित लक्ष्मी मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल के 91 पासआउट छात्र-छात्राएं एक साथ सड़कों पर नजर आए। सभी नव-निर्मित डॉक्टरों ने गढ़वा शहर में एक साथ जुलूस निकाला और गढ़देवी मंदिर पहुंचकर पूजा-अर्चना की।
यह आयोजन रामचंद्र चंद्रवंशी विश्वविद्यालय से संबद्ध लक्ष्मी मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल के छात्रों का दीक्षांत अवसर था। एक साथ इतनी बड़ी संख्या में मेडिकल छात्रों का पासआउट होना झारखंड के किसी भी निजी मेडिकल कॉलेज के लिए पहला मौका बताया जा रहा है।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलाधिपति डॉ. ईश्वर सागर चंद्रवंशी ने कहा कि यह पल संस्थान और क्षेत्र दोनों के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने बताया कि संस्थापक रामचंद्र चंद्रवंशी का सपना था कि दूरदराज ग्रामीण क्षेत्रों के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को डॉक्टर बनने का अवसर मिले, जो अब साकार होता दिख रहा है।
कार्यक्रम के दौरान पूरे शहर में उत्साह का माहौल रहा और लोगों ने नव-डॉक्टरों का स्वागत किया। यह उपलब्धि क्षेत्र में चिकित्सा सेवाओं के विस्तार और ग्रामीण युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत मानी जा रही है।











