Location: Garhwa
गढ़वा: अनन्य मित्तल, उपायुक्त गढ़वा ने मंगलवार को समाहरणालय स्थित अपने कार्यालय कक्ष में जनसुनवाई कार्यक्रम का आयोजन किया। इस दौरान विभिन्न क्षेत्रों से आए फरियादियों की समस्याओं को बारी-बारी से सुना गया तथा उनके निष्पादन के लिए संबंधित पदाधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए।
जनसुनवाई में राशन, पेंशन, भूमि विवाद, अवैध कब्जा, आवास, मुआवजा, अतिक्रमण, रोजगार सृजन एवं बकाया मजदूरी भुगतान सहित कई मामलों को लेकर लोग पहुंचे। उपायुक्त ने सभी मामलों को गंभीरता से सुनते हुए यथाशीघ्र समाधान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
मेराल प्रखंड निवासी दीपक प्रसाद गुप्ता ने एमजीएम अस्पताल पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि अस्पताल की लापरवाही के कारण उनके नवजात शिशु की मृत्यु हो गई। उन्होंने आरोप लगाया कि चिकित्सकों द्वारा उन्हें भ्रमित किया गया तथा बाद में विरोधाभासी जानकारी दी गई। मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की गई।
सदर प्रखंड के नारायणपुर निवासी तेजन चौधरी ने NH-75 सड़क चौड़ीकरण में अधिग्रहित भूमि का मुआवजा दो वर्षों से लंबित रहने की शिकायत की। उन्होंने बताया कि सभी आवश्यक कागजात जमा करने के बावजूद भुगतान नहीं हुआ है और शीघ्र मुआवजा दिलाने की मांग की।
सदर प्रखंड के जाटा निवासी अक्षय कुमार एवं प्रमोद कुमार मेहता ने किसान आईडी होने के बावजूद पैक्स द्वारा धान नहीं खरीदे जाने की शिकायत की। उन्होंने बताया कि कई प्रयासों के बावजूद न तो धान लिया गया और न ही कोई सूचना दी गई।
रंका प्रखंड के तमगे गांव निवासी दुर्गा देवी ने बंधक रखे गए आभूषण वापस नहीं मिलने की शिकायत की। उन्होंने बताया कि पैसे लौटाने के बावजूद संबंधित व्यक्ति द्वारा आभूषण वापस नहीं किया जा रहा है और थाने में आवेदन देने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई।
इसके अलावा जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए अन्य लोगों ने भी अपनी समस्याएं उपायुक्त के समक्ष रखीं। सभी मामलों के समाधान के लिए संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए। उपायुक्त ने अधिकारियों को संवेदनशीलता और तत्परता के साथ शिकायतों के निष्पादन का निर्देश दिया।
जनसुनवाई कार्यक्रम में लगभग 50 से अधिक आवेदन प्राप्त हुए। इस अवसर पर जन शिकायत कोषांग के नोडल पदाधिकारी पंकज कुमार गिरि सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं आवेदक उपस्थित थे।











