Location: Meral
मेराल। चरखा पत्थर स्थित नूरी मस्जिद में बीते शुक्रवार को एक महिला द्वारा खुद को हासनदाग गांव की निवासी बताते हुए लोगों से आर्थिक मदद लेने का मामला सामने आया है। महिला ने अपना नाम सुशीला देवी और पति का नाम विजय चौधरी बताया, साथ ही दावा किया कि उसके पति कैंसर से पीड़ित हैं।
मस्जिद में नमाज़ अदा कर रहे लोगों से उसने सहानुभूति के आधार पर आर्थिक सहयोग प्राप्त किया। लेकिन मामले की खबर प्रकाशित होने के बाद हासनदाग गांव के लोगों ने स्पष्ट किया कि सुशीला देवी नाम की कोई महिला उनके गांव की नहीं है।
गांव के लोगों ने इस प्रकार की हरकत को घिनौना बताते हुए कड़ी नाराजगी जताई। मुखिया प्रतिनिधि हरेंद्र चौधरी और बीडीसी सदस्य नंदू चौधरी ने भी पुष्टि की कि उक्त महिला गांव की निवासी नहीं है और वह फर्जी पहचान के आधार पर लोगों को ठग रही है। उन्होंने जनता से अपील की कि ऐसे चालबाज लोगों से सतर्क रहें।
फर्जीवाड़े के विरोध में उपस्थित लोगों में अनिल चौधरी, संतोष कुमार चौधरी, छठन चौधरी, कौसर अंसारी, महबूब अंसारी, प्रणय चौबे, राजबली चौधरी, बीरांची चौधरी और नागेंद्र चौधरी आदि शामिल थे।











