Location: Meral
मेराल। बाना हाई स्कूल में नौवीं कक्षा की फाइनल परीक्षा से 25 छात्र-छात्राएं वंचित रह गए। छात्रों का आरोप है कि उन्होंने 900 रुपये जुर्माना के साथ अपना रजिस्ट्रेशन कराया था, बावजूद इसके उन्हें एडमिट कार्ड नहीं मिल सका, जिससे वे परीक्षा देने से वंचित रह गए।
शुक्रवार को परीक्षा से वंचित छात्र-छात्राएं बना हाई स्कूल पहुंचकर विरोध जताया। इस दौरान कई अभिभावक भी उनके साथ मौजूद थे। परीक्षा से वंचित छात्रों में प्रिया कुमारी, सुषमा कुमारी, अंजलि कुमारी, आरती कुमारी, ऊषा कुमारी, अमरनाथ कुमार, वकील कुमार सहित अन्य शामिल हैं। छात्रों ने बताया कि कुल 25 छात्र-छात्राओं में 14 लड़के और 11 लड़कियां शामिल हैं।
विरोध के दौरान उप मुखिया भोला पासवान, अरुण कुमार दास, मुजाहिद अंसारी, धीरज पासवान, इंद्रजीत कुमार सहित अन्य लोगों ने कहा कि विद्यालय प्रबंधन की लापरवाही के कारण छात्र-छात्राएं परीक्षा से वंचित हो गए हैं। इससे बच्चों का एक वर्ष बर्बाद हो गया और उनका भविष्य प्रभावित हुआ है। अभिभावकों ने जिला शिक्षा पदाधिकारी से मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।
जानकारी के अनुसार नौवीं कक्षा में कुल 283 छात्र-छात्राएं नामांकित हैं।
इस संबंध में प्रभारी प्रधानाध्यापक आसिफ हुसैन से पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि शिक्षा विभाग से अनुमति मिलने के बाद ही इस विषय में कुछ बताया जाएगा। वहीं नौवीं कक्षा के कुल छात्रों की संख्या के बारे में भी उन्होंने जानकारी नहीं दी।
वहीं विद्यालय के लिपिक अविनाश कुमार ने बताया कि नौवीं कक्षा के फॉर्म भरने के लिए उन्हें अधिकृत किया गया था, लेकिन तकनीकी खराबी के कारण परीक्षा से वंचित छात्रों का फॉर्म नहीं भर सका। उन्होंने कहा कि वह परीक्षा से वंचित बच्चों के मामले में लिखित रूप से जिम्मेदारी लेते हैं।
इस संबंध में जिला शिक्षा पदाधिकारी कैसर राजा ने कहा कि छात्र-छात्राओं के परीक्षा से वंचित रहने का मामला गंभीर है और इसकी तत्काल जांच कराई जाएगी।