मझिआंव। बरडीहा प्रखंड अंतर्गत ओबरा पंचायत की प्रभारी मुखिया कविता देवी के विरुद्ध लाया गया अविश्वास प्रस्ताव गुरुवार को आवश्यक संख्या में वार्ड सदस्यों की उपस्थिति नहीं होने के कारण निरस्त कर दिया गया। इसके साथ ही कविता देवी का प्रभारी मुखिया पद बरकरार रहा।
पंचायत भवन ओबरा में प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी सुरेंद्र सिंह की अध्यक्षता में अविश्वास प्रस्ताव पर बैठक आयोजित की गई। इस संबंध में जानकारी देते हुए बीपीआरओ सुरेंद्र सिंह ने बताया कि पंचायती राज अधिनियम के तहत निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार सभी वार्ड सदस्यों को बैठक में आमंत्रित किया गया था।
उन्होंने बताया कि ओबरा पंचायत में कुल 13 वार्ड हैं, जिनमें से दो वार्ड सदस्यों की पूर्व में मृत्यु हो चुकी है। शेष 11 वार्ड सदस्यों में से मात्र पांच सदस्य ही बैठक में उपस्थित हुए। इनमें वार्ड संख्या-3 की पूनम देवी, वार्ड संख्या-4 की शोभा कुमारी, वार्ड संख्या-9 की लीलावती देवी, वार्ड संख्या-10 की बसंती देवी तथा वार्ड संख्या-13 की सरिता देवी शामिल थीं।
बीपीआरओ ने बताया कि पंचायती राज अधिनियम के अनुसार अविश्वास प्रस्ताव पर विचार के लिए तीन-चौथाई सदस्यों की उपस्थिति अनिवार्य है। लेकिन बैठक में आवश्यक संख्या पूरी नहीं होने के कारण नियमों के तहत अविश्वास प्रस्ताव को निरस्त कर दिया गया।
इधर, प्रभारी मुखिया कविता देवी ने कहा कि वह पंचायत के सभी वार्डों में चहुंमुखी विकास के लिए कार्य करती रहेंगी। उन्होंने बताया कि पंचायती राज विभाग से प्राप्त 15वें वित्त आयोग की राशि से जलमीनार सहित अन्य आवश्यक विकास योजनाओं को धरातल पर उतारा जाएगा।
बैठक में पर्यवेक्षक के रूप में प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी सूरंजन कुमार, सहायक दंडाधिकारी अनिकेश कुमार, पुलिस सब इंस्पेक्टर मृत्युंजय कुमार राय पुलिस बल के साथ, पंचायत सचिव ललन बैठा, सहायक सुरेश चरगट तथा नरेंद्र कुमार उपस्थित थे।











