Location: Meral
मेराल (गढ़वा)। थाना क्षेत्र के खोलरा गांव स्थित केबी ईंट भट्ठा परिसर में मंगलवार दोपहर करीब 12 बजे एक हृदयविदारक हादसा हो गया। ईंट ढोने वाले इक्का घोड़े के बेकाबू हो जाने से एक वर्षीय मासूम काव्य कुमारी की घटनास्थल पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि तीन वर्षीय आरती कुमारी गंभीर रूप से घायल हो गई। घायल बच्ची का इलाज गढ़वा सदर अस्पताल में चल रहा है, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार मृतक काव्य कुमारी के पिता सतीश कुमार केवट, छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले के गोवाडीह गांव के निवासी हैं। वहीं गंभीर रूप से घायल आरती कुमारी के पिता अघनू केवट भी बिलासपुर के पास हरदी गांव के रहने वाले हैं। दोनों परिवार केबी ईंट भट्ठा पर ईंट बनाने का कार्य करते हैं और अपने परिवार के साथ वहीं रह रहे थे।
बताया जा रहा है कि भट्ठा परिसर में इक्का घोड़े से कच्ची ईंट की ढुलाई की जा रही थी। इसी दौरान अचानक घोड़ा बेकाबू हो गया और खेल रही दोनों मासूम बच्चियों को कुचल दिया। हादसा इतना भयावह था कि मौके पर ही काव्य की मौत हो गई, जबकि आरती गंभीर रूप से घायल हो गई। स्थानीय अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद आरती को बेहतर इलाज के लिए गढ़वा सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया।
सूत्रों के अनुसार आरती कुमारी की एक आंख पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी है, जिससे परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मासूम की मौत से ईंट भट्ठा परिसर में मातम पसरा हुआ है। मजदूर परिवारों में दहशत और गहरा शोक व्याप्त है।
घटना की सूचना मिलते ही मेराल पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। पुलिस ने प्रत्यक्षदर्शियों एवं परिजनों से पूछताछ की। पीड़ित परिवार ने दोषियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने हर संभव सहायता और निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया है।
इस दर्दनाक घटना ने मजदूर परिवारों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। रोजी-रोटी की तलाश में दूर-दराज से आए इन परिवारों के लिए यह हादसा जिंदगी भर का जख्म बन गया है।











