Location: Shree banshidhar nagar
श्री बंशीधर नगर (गढ़वा): मानवता की मिसाल पेश करते हुए रमना निवासी युवा प्रिंस सिंह ने रविवार को थैलेसीमिया से पीड़ित सात वर्षीय बच्ची को रक्तदान कर उसकी जान बचाई।
प्रखंड क्षेत्र के मंगरदह ग्राम निवासी जितेंद्र कुमार की पुत्री जागृति कुमारी गंभीर रूप से बीमार थी। उसके शरीर में मात्र 3.6 यूनिट रक्त शेष था। डॉक्टरों ने तत्काल खून चढ़ाने की जरूरत बताई, लेकिन ब्लड बैंक में रक्त उपलब्ध नहीं था।
निराश परिजनों ने रमना की सोशल स्क्वाड टीम से मदद की गुहार लगाई। सूचना मिलते ही टीम के सदस्य प्रिंस सिंह आगे आए और बच्ची के लिए रक्तदान किया। इससे मासूम की जान बच गई।
थैलेसीमिया बीमारी पर डॉक्टरों की जानकारी
डॉक्टरों के अनुसार थैलेसीमिया एक जन्मजात बीमारी है, जिसमें शरीर पर्याप्त हीमोग्लोबिन नहीं बना पाता। इसके कारण मरीज को कमजोरी, थकान, सांस लेने में दिक्कत और संक्रमण जैसी समस्याएँ होती हैं। गंभीर अवस्था में मरीज को नियमित रूप से खून चढ़ाना पड़ता है। जागृति को भी हर महीने रक्त की आवश्यकता होती है।
मानवता की मिसाल
स्थानीय लोगों ने प्रिंस सिंह के इस कार्य की सराहना करते हुए कहा कि समाज में ऐसे युवाओं की आवश्यकता है, जो दूसरों की जिंदगी बचाने के लिए हमेशा तत्पर रहें।
रक्तदान के बाद प्रिंस सिंह ने कहा—
“मैंने सिर्फ अपना कर्तव्य निभाया है। इंसान की सबसे बड़ी पहचान उसकी मानवता होती है। जब मुझे पता चला कि मासूम बच्ची की जान खतरे में है, तो बिना देर किए रक्तदान करना मेरा फर्ज था। थैलेसीमिया से पीड़ित बच्चों को नियमित रक्त की जरूरत होती है। अगर हम सब मिलकर समय-समय पर रक्तदान करें तो कई जिंदगियां बच सकती हैं। मेरा सभी युवाओं से निवेदन है कि वे आगे आएं और रक्तदान को अपनी आदत बनाएं।”











