Location: Shree banshidhar nagar
श्री बंशीधर नगर (गढ़वा)। केंद्र सरकार द्वारा संसद में पारित कराए गए खनिज खान एवं खनिज विकास विनियमन संशोधन अधिनियम 2026 के विरोध में गुरुवार की शाम भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी, भाकपा माले, राष्ट्रीय जनता दल एवं कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने संयुक्त रूप से भवनाथपुर मोड़ पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
पुतला दहन कार्यक्रम के दौरान “काला कानून वापस लो”, “जल-जंगल-जमीन बचाओ”, “खनिज खनन संशोधन विधेयक वापस लो” सहित कई नारे लगाए गए। कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार से संशोधन अधिनियम को वापस लेने की मांग की।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि खनिज खान एवं खनिज विकास विनियमन संशोधन अधिनियम झारखंड के अस्तित्व और यहां के आदिवासी-मूलवासी समुदायों के अधिकारों पर सीधा हमला है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार पूंजीपतियों के दबाव में काम करते हुए आदिवासी-मूलवासी के संवैधानिक अधिकारों को कमजोर करना चाहती है।
वक्ताओं ने कहा कि प्रस्तावित संशोधन से खनिज संसाधनों पर कॉरपोरेट घरानों का प्रभाव बढ़ेगा और इसका सीधा असर जल, जंगल एवं जमीन पर पड़ेगा। उन्होंने कहा कि झारखंड की पहचान यहां के प्राकृतिक संसाधनों, आदिवासी संस्कृति और परंपराओं से जुड़ी है। ऐसे किसी भी कानून का विरोध किया जाएगा, जिससे राज्य के हित और स्थानीय लोगों के अधिकार प्रभावित हों। उन्होंने दावा किया कि संशोधन कानून से खनिजों के राष्ट्रीयकरण के सिद्धांत को नुकसान पहुंचेगा और खदानों को कॉरपोरेट घरानों के हवाले करने का रास्ता खुलेगा। वक्ताओं ने इसे सरना धर्म, आदिवासी संस्कृति एवं स्वशासन की व्यवस्था के लिए भी खतरा बताया।
वक्ताओं ने राष्ट्रपति से इस विधेयक को मंजूरी नहीं देने का अनुरोध करते हुए कहा कि आने वाले दिनों में संशोधन अधिनियम के खिलाफ आंदोलन को और तेज किया जाएगा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की मनमानी को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
सभा को भाकपा माले के जिला कमेटी सदस्य कामेश्वर विश्वकर्मा, राजद के प्रदेश महासचिव अभय कुमार पांडेय, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के राज्य परिषद सदस्य विनोद ठाकुर ने संबोधित किया।
इस अवसर पर श्रीराम, विद्या पासवान, देवीदयाल मेहता, गोपाल यादव, खलील खां, राजकुमार राम, इस्लामुद्दीन अंसारी, नसीर अंसारी, चंद्रदेव यादव, सुदामा पांडेय, राजू विश्वकर्मा सहित बड़ी संख्या में विभिन्न दलों के कार्यकर्ता उपस्थित थे।











