Location: Garhwa
गढ़वा। जिले में भूमि विवादों, सीमांकन, नामांतरण और अतिक्रमण से संबंधित मामलों के त्वरित एवं प्रभावी समाधान के लिए जिला प्रशासन ने नई पहल शुरू की है। उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी पशुपति नाथ मिश्रा के निर्देश पर अब जिले के सभी अंचलों और थाना क्षेत्रों में प्रत्येक माह नियमित रूप से ‘अंचल दिवस’ एवं ‘थाना दिवस’ का आयोजन किया जाएगा।
जिला प्रशासन के अनुसार जनसुनवाई और विभिन्न माध्यमों से प्राप्त शिकायतों की समीक्षा में यह पाया गया कि भूमि संबंधी मामलों के निष्पादन में और अधिक प्रभावी प्रयासों की आवश्यकता है। इसी को देखते हुए यह व्यवस्था लागू की गई है।
निर्देश के अनुसार प्रत्येक माह की 15 तारीख को पूर्वाह्न 11 बजे से संबंधित अंचल कार्यालय परिसर में अंचल दिवस तथा प्रत्येक माह की 30 तारीख को पूर्वाह्न 11 बजे से थाना परिसर में थाना दिवस आयोजित किया जाएगा। यदि निर्धारित तिथि अवकाश का दिन होगी तो कार्यक्रम एक दिन पूर्व कार्य दिवस में आयोजित होगा। कार्यक्रम का संचालन संबंधित अंचल अधिकारी एवं थाना प्रभारी संयुक्त रूप से करेंगे।
उपायुक्त ने स्पष्ट किया है कि अंचल दिवस और थाना दिवस किसी भी परिस्थिति में स्थगित नहीं किए जाएंगे। इन कार्यक्रमों में भूमि विवाद, दखल-कब्जा, सीमांकन, लगान अद्यतन, नामांतरण, उत्तराधिकार, अतिक्रमण और भूमि स्वामित्व संबंधी मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निष्पादन किया जाएगा।
इसके अलावा सभी अंचल अधिकारियों को प्रत्येक माह मंगलवार और शुक्रवार को नियमित जनसुनवाई आयोजित करने का निर्देश दिया गया है। सरकारी भूमि पर अतिक्रमण की शिकायत मिलने पर पब्लिक एनक्रोचमेंट एक्ट के तहत त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
अंचल दिवस एवं थाना दिवस के सफल संचालन और निगरानी के लिए अपर समाहर्ता को जिला स्तरीय नोडल पदाधिकारी बनाया गया है। प्रत्येक आयोजन के अगले दिन समेकित प्रतिवेदन उपायुक्त को उपलब्ध कराया जाएगा।
उपायुक्त पशुपति नाथ मिश्रा ने जिलेवासियों से अपील की है कि भूमि विवाद, सीमांकन, नामांतरण, लगान एवं अतिक्रमण से जुड़ी समस्याओं के समाधान के लिए निर्धारित तिथियों पर आयोजित अंचल दिवस एवं थाना दिवस में भाग लेकर अपनी शिकायतें दर्ज कराएं। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन सभी मामलों के पारदर्शी, त्वरित और न्यायसंगत निष्पादन के लिए प्रतिबद्ध है।