Location: Meral
मंगलवार को मेराल प्रखंड के हासनदाग, गोंदा और गेरूआ पंचायत में आपकी योजना–आपकी सरकार आपके द्वार एवं सेवा का अधिकार सप्ताह कार्यक्रम का आयोजन किया गया। तीनों स्थानों पर लोगों की भारी भीड़ उमड़ी। विशेषकर मइया सम्मान योजना और अबुआ आवास योजना के स्टॉल पर सबसे अधिक महिलाओं की उपस्थिति देखी गई।
हासनदाग पंचायत सचिवालय के जीपीएस मैदान में आयोजित शिविर का उद्घाटन सीओ सह प्रभारी बीडीओ यशवंत नायक, मुखिया फूलमंती देवी, बीडीसी नंदू चौधरी, उपमुखिया अविनाश कुमार चौबे, आंचल प्रधान सहायक मुरारी मिश्रा, रिजवान अख्तर आदि के द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया गया।
गेरूआ पंचायत में कार्यक्रम का उद्घाटन मुखिया अनिल चौधरी तथा गोंदा पंचायत में मुखिया बेबी देवी द्वारा किया गया।
सीओ यशवंत नायक ने कहा कि सरकार लोगों के बीच पहुंचकर उनकी समस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित कर रही है। उन्होंने बताया कि पंचायत स्तर पर आयोजित इन शिविरों के माध्यम से आम जनता को विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का तुरंत लाभ उपलब्ध कराया जा रहा है।
प्रखंड प्रमुख दीपमाला कुमारी ने कहा कि ऐसे शिविर उन लोगों के लिए अत्यंत लाभकारी हैं जो प्रखंड या जिला मुख्यालय नहीं जा पाते। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि वे अधिक से अधिक संख्या में शिविर का लाभ उठाएँ।
झामुमो जिला अध्यक्ष शंभू राम ने कहा कि शिविर का उद्देश्य महत्वाकांक्षी योजनाओं को आमजन तक पहुँचाना है। उन्होंने विभागीय कर्मियों को निर्देश दिया कि प्राप्त सभी आवेदनों की सही तरीके से नंबरिंग कर सुरक्षित रखा जाए, ताकि पोर्टल खुलते ही उनके ऑनलाइन निष्पादन की प्रक्रिया की जा सके। उन्होंने लापरवाही पाए जाने पर उच्च अधिकारियों को शिकायत करने की भी बात कही।
शिविर के दौरान बाल विकास परियोजना की ओर से गोद भराई और अन्नप्राशन कार्यक्रम आयोजित किया गया।
इसके अलावा सर्वजन पेंशन के तहत 10 लाभुकों को स्वीकृति पत्र और 10 लाभुकों के बीच कंबल का वितरण किया गया।
आवेदन प्राप्ति की स्थिति:
- हासनदाग : 550 आवेदन
- गोंदा : 950 आवेदन
- गेरूआ : 450 आवेदन
कार्यक्रम में जेई धर्मेंद्र मिश्रा, फिरोज अंसारी, अंकित मिश्रा, मुखिया प्रतिनिधि हरेंद्र चौधरी, आयुष चिकित्सक कुमार शशांक, पंचायत राज कोऑर्डिनेटर रश्मि लकड़ा, आवास कोऑर्डिनेटर रस अंसारी, पंचायत सचिव राजेंद्र राम, रोजगार सेवक रघुवर राम, अमर कुमार, मनोज चौधरी, प्रणय चौबे, सुनील बैठा, राजू कुमार, विनोद चौधरी, संतोष चौधरी, अरकेश चंद्रवंशी, गुलबास अंसारी, गीता देवी, सोनी देवी सहित सैकड़ों ग्रामीण—महिला व पुरुष—उपस्थित थे।











