Location: Garhwa
गढ़वा: उपायुक्त पशुपति नाथ मिश्रा की अध्यक्षता में मंगलवार को टाउन हॉल में शिक्षा विभाग की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में शिक्षा विभाग की विभिन्न योजनाओं, विद्यालयों की शैक्षणिक गुणवत्ता, छात्र-शिक्षक उपस्थिति, आधारभूत सुविधाओं तथा पीएम पोषण सहित अन्य योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई। उपायुक्त ने स्पष्ट कहा कि शिक्षा मानव मूल्यों के विकास का सर्वोत्तम माध्यम है और जिले में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करने के लिए किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
समीक्षा के दौरान लक्ष्य के अनुरूप कार्य नहीं करने वाले अधिकारियों एवं कर्मियों पर नाराजगी जताते हुए उपायुक्त ने खराब प्रदर्शन करने वाले बीईईओ, बीपीओ, बीपीएम, बीआरपी, सीआरपी और एमआईएस को-ऑर्डिनेटरों से स्पष्टीकरण लेने का निर्देश दिया। उन्होंने सभी अधिकारियों को नियमित रूप से विद्यालयों का निरीक्षण करने तथा छात्र-शिक्षक उपस्थिति में सुधार सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही निर्देश दिया कि मासिक उपस्थिति के आधार पर ही संबंधित कर्मियों का परिलब्धि भुगतान किया जाए।
बैठक में कंपोजिट जिला रैंकिंग, निपुण भारत मिशन, पीएम-श्री विद्यालय, पलाश कार्यक्रम, पीएम पोषण (मिड-डे मील), आईसीटी एवं स्मार्ट क्लास, स्वास्थ्य जांच, आयरन-फोलिक एसिड वितरण, सतत व्यावसायिक विकास (सीपीडी), यू-डायस, उल्लास कार्यक्रम, लंबित न्यायालयीन मामलों तथा समग्र शिक्षा के अंतर्गत विभिन्न योजनाओं की समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
उपायुक्त ने पीएम पोषण योजना की स्टीयरिंग सह मॉनिटरिंग समिति की भी समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिया कि विद्यालयों में निर्धारित मेनू के अनुसार पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जाए तथा सभी आवश्यक सूचनाएं समय पर ऑनलाइन दर्ज की जाएं। जिन योजनाओं में प्रगति संतोषजनक नहीं मिली, उनमें शीघ्र सुधार लाने के निर्देश दिए गए।
बैठक के दौरान बिना यू-डायस कोड वाले विद्यालयों में अध्ययनरत बच्चों के आपार (APAAR) आईडी से जुड़ी समस्या भी उठाई गई। उपायुक्त ने ऐसे मामलों में अभिभावकों को जागरूक करने तथा सरकारी विद्यालयों में केवल नामांकन कर निजी विद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के मामलों की समीक्षा कर आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया, ताकि जिले के शिक्षा संबंधी सूचकांकों एवं रैंकिंग में सुधार हो सके।
इस अवसर पर झारखंड शिक्षा परियोजना की ओर से “Garhwa Learns, Garhwa Leads” अभियान की शुरुआत की गई। उपायुक्त ने कहा कि यह पहल शिक्षा व्यवस्था में सकारात्मक बदलाव लाने, शैक्षणिक एवं सह-शैक्षणिक गतिविधियों की गुणवत्ता बढ़ाने तथा जिला शिक्षा प्रदर्शन में सुधार लाने के उद्देश्य से शुरू की गई है। इसके तहत मिशन रेड अलर्ट, गढ़वा स्पीक्स, स्मार्ट क्लास फॉर ए स्मार्टर माइंड, परख, पीएम पोषण, ग्रीन स्कूल-क्लीन स्कूल, इग्नाइट इनोवेशन, डेस्टिनेशन और फ्रॉम एजुकेशन टू प्रोस्पेरिटी जैसे कार्यक्रम संचालित किए जाएंगे।
बैठक में उप विकास आयुक्त प्रेमलता मुर्मू, जिला शिक्षा पदाधिकारी कैसर रजा, जिला शिक्षा अधीक्षक अनुराग मिंज सहित शिक्षा विभाग के सभी संबंधित पदाधिकारी, बीईईओ, बीपीओ, बीआरपी, सीआरपी, एमआईएस को-ऑर्डिनेटर एवं विभिन्न विद्यालयों के प्रधानाचार्य उपस्थित थे।











