रांची : झारखंड सरकार की ओर से दो योजनाओं पर बहुत जोर है। मुख्यमंत्री खुद इन दोनों योजनाओं की मॉनिटरिंग करते हैं। हर जिले में जा रहे हैं कार्यक्रम हो रहा है सभाएं हो रही हैं। लेकिन मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में अधिकारी कर्मचारी ही पलीता लगाने में जुटे हैं। इस तरह का एक मामला सिसई प्रखंड में देखने को मिला। 5 सितंबर को यहां आपकी योजना, आपके द्वार, आपकी सरकार के तहत शिविर का आयोजन किया गया था। इस शिविर में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के साथ-साथ दो मंत्री कई विधायक और सांसद भी शामिल हुए थे। ग्रामीणों ने विभिन्न योजनाओं के लाभ के लिए हजारों की संख्या में आवेदन दिए थे। मुख्यमंत्री के जाने के बाद अधिकारियों ने इनमें से अधिकांश आवेदनों को जगना बगीचा में फेंक कर चल दिया। दूसरे दिन ग्रामीण जब बगीचा की ओर गए तो देखा कि यहां बड़े पैमाने पर आवेदन फेक हुए हैं। एक ग्रामीण ने कुछ आवेदनों को जमा किया जबकि सैकड़ों आवेदन पानी में भीग गए थे। इसके बाद इसकी जानकारी गांव वालों को मिली। इस संबंध में सिसई प्रखंड के प्रखंड विकास पदाधिकारी रमेश कुमार यादव का कहना है कि कार्यक्रम के दौरान रात हो गया था। इसलिए एक बंडल वहीं छूट गया था। जानकारी मिलने के बाद कई आवेदन फिर से प्राप्त कर लिए गए हैं और जिनका आवेदन गुम हो गया है उनसे संपर्क कर उनका आवेदन फिर से लिया जा रहा है। इस मामले में जो भी दोषी होंगे उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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Location: Meral करीब अंसारी ने जान का खतरा बताकर मांगी सुरक्षा कहा- मेरे खिलाफ साजिश रचने के पीछे कौन है, प्रशासन इसका खुलासा करे, मुख्यमंत्री समेत राजद प्रदेश नेतृत्व और…












