Location: Manjhiaon
मझिआंव। गढ़वा के उपायुक्त दिनेश कुमार यादव के निर्देश पर अनुमंडल पदाधिकारी संजय कुमार पांडेय शनिवार को मझिआंव पहुंचे, जहां उन्होंने अंचल पदाधिकारी प्रमोद कुमार पर लगे दुर्व्यवहार और मारपीट के आरोपों की जांच की। जांच के दौरान एसडीओ ने दोनों पक्षों से पूछताछ कर उनके बयान कलमबद्ध किए।
क्या है मामला
तलसबरिया पंचायत के अधौरा गांव निवासी लगभग 80 वर्षीय मंजूर अहमद खान ने आरोप लगाया है कि उन्होंने भूमि मापी के आवेदन के साथ पुराने दाखिल-खारिज दस्तावेज की जानकारी आरटीआई के तहत मांगी थी। इसी बात से नाराज होकर सीओ प्रमोद कुमार ने कार्यालय में बुलाकर गाली-गलौज की और मारपीट की। मंजूर अहमद ने बताया कि पहले भी उन्होंने पूर्व सीओ के जांच रिपोर्ट पर आपत्ति जताते हुए सूचना अधिकार के तहत जानकारी मांगी थी, जिससे सीओ पहले से नाराज थे।
पीड़ित का कहना है कि आवेदन पर कोई कार्रवाई नहीं की गई, उल्टा उनके साथ दुर्व्यवहार हुआ। मंजूर अहमद ने न्याय की गुहार लगाते हुए उपायुक्त को शिकायत सौंपी थी।
पहले भी लगे आरोप
बताया जाता है कि इससे पहले 20 जून को भी रैयत नरबिंद कुमार और श्याम बिहारी साव ने सीओ पर 50 हजार रुपए की रिश्वत मांगने और मारपीट का आरोप लगाया था, जिसका वीडियो भी वायरल हुआ था।
सीओ का पक्ष
अंचल पदाधिकारी प्रमोद कुमार ने सभी आरोपों को निराधार बताया। उन्होंने कहा कि मंजूर अहमद 1971 का खतियान मांग रहे थे, जबकि 1975 से मझिआंव का अभिलेख यहां उपलब्ध है। 1971 में यह क्षेत्र हुसैनाबाद (पलामू) अंचल के अधीन था। उन्होंने बताया कि अंचल कार्यालय के अभिलेखागार में दो बार आगजनी की घटनाएं हो चुकी हैं, इसलिए पुराने रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं हैं।
एसडीओ का बयान
एसडीओ संजय कुमार पांडेय ने कहा कि जांच के दौरान दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए गए हैं। जांच रिपोर्ट उपायुक्त को सौंपी जाएगी, जिसके बाद आगे की कार्रवाई होगी।











