Location: Garhwa
गढ़वा। अन्नराज डैम में सहीजना के किशोर के डूबने की घटना के बाद सदर अनुमंडल पदाधिकारी (SDM) संजय कुमार ने घटनास्थल का निरीक्षण कर परिजनों को ढांढस बंधाया और शोक संवेदना व्यक्त की। उन्होंने स्थानीय गोताखोरों की मदद से शव को बाहर निकलवाया और संबंधित विभागों को सख्त निर्देश दिए।
SDM ने जिला मत्स्य पदाधिकारी और लघु सिंचाई विभाग के कार्यपालक अभियंता से सवाल किया कि जब हर वर्ष इस प्रकार की घटनाएं होती हैं, तो एहतियाती उपाय क्यों नहीं किए गए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यह डैम स्विमिंग पूल नहीं है, इसलिए अब यहां तैराकी और स्नान पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा।
उन्होंने निर्देश दिया कि—
- जलाशय में केवल मत्स्यजीवी समितियों के कुशल तैराक या गोताखोर ही उतर सकेंगे।
- पर्यटक या अन्य व्यक्ति जलाशय में प्रवेश नहीं कर सकेंगे।
- पानी की गहराई और खतरे को दर्शाने वाले संकेतक एवं चेतावनी बोर्ड तुरंत लगाए जाएं।
- जलाशय को “नो स्विमिंग जोन” घोषित कर उल्लंघन करने वालों पर जुर्माना लगाया जाए।
- यहां कम से कम एक स्थायी गोताखोर या जल प्रहरी की प्रतिनियुक्ति हो।
SDM ने कहा कि जलाशय लघु सिंचाई विभाग की संपत्ति है और मछली पालन का अधिकार मत्स्य विभाग के पास है, इसलिए हादसों की जिम्मेदारी भी संबंधित विभाग को लेनी होगी।
साथ ही, उन्होंने अनुमंडल के सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिया कि गहरे जलाशयों के खतरनाक स्थानों पर सेल्फी लेने या हुड़दंग करने वालों पर सख्त नजर रखी जाए।
आम जनता से अपील
SDM संजय कुमार ने नागरिकों से कहा—
⚠️ गहरे पानी में न उतरें।
⚠️ बच्चों को अकेले इन स्थलों पर न जाने दें।
⚠️ सेल्फी या मछली पकड़ने के लिए किनारे पर खड़ा होना भी खतरनाक है।
उन्होंने चेतावनी दी— “आपकी लापरवाही आपके और आपके परिवार के लिए स्थायी दर्द बन सकती है। सतर्क रहें, सुरक्षित रहें और जीवन का सम्मान करें।











