Location: Garhwa
मझिआंव
मझिआंव मोड़ पर प्रस्तावित प्रतिमा स्थापना को लेकर भाजपा और झामुमो आमने-सामने आ गए हैं। भाजपा ने इस पूरे प्रकरण को पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी के सम्मान का मुद्दा बताया है। इस विवाद को लेकर भाजपा ने जिला प्रशासन पर भी तीखा हमला बोला है और चेतावनी दी है कि यदि प्रतिमा स्थापना पर रोक नहीं लगाई गई तो पार्टी सड़कों पर उतरकर उग्र आंदोलन करेगी।
भाजपा के जिला मीडिया प्रभारी रितेश चौबे ने प्रेस को संबोधित करते हुए झामुमो पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि मझिआंव मोड़ का नाम पहले ही “अटल बिहारी वाजपेयी चौक” के रूप में घोषित हो चुका है। इसके बावजूद वाजपेयी जी की प्रतिमा न लगाकर किसी अन्य नेता की प्रतिमा लगाने की अनुमति देना जनभावनाओं का अपमान है।
रितेश चौबे ने सवाल उठाया कि जब हाल ही में प्रशासन ने अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाकर गरीबों के मकान ढहाए, तो फिर मझिआंव चौक पर नई प्रतिमा लगाने की इजाजत कैसे दी गई? उन्होंने इसे प्रशासन की दोहरी नीति करार देते हुए उपायुक्त से अविलंब दखल देने की मांग की।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा,
“अगर प्रतिमा स्थापना पर तुरंत रोक नहीं लगाई गई, तो भाजपा कार्यकर्ता आमजन के साथ मिलकर आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। इसकी संपूर्ण जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।”
भाजपा नेता ने झामुमो पर भी निशाना साधते हुए कहा कि झामुमो के तथाकथित नेता राजनीति की आड़ में अटल बिहारी वाजपेयी जैसे सर्वमान्य नेता का अपमान कर रहे हैं, जिनका सम्मान विपक्षी दल भी करते रहे हैं। उन्होंने इसे तानाशाही रवैया बताते हुए झामुमो को जनता की भावनाओं से खेलने वाला दल करार दिया।
रितेश चौबे ने कहा कि मझिआंव मोड़ का नाम अटल बिहारी वाजपेयी चौक रखने के बाद वहां उनकी प्रतिमा लगाई जानी थी, लेकिन वर्षों बाद भी इस दिशा में कोई कार्य नहीं हुआ। अब किसी अन्य की प्रतिमा लगाने की कोशिश सीधी राजनीतिक उद्दंडता है, जिसे भाजपा बर्दाश्त नहीं करेगी।
इस मौके पर भाजपा नेता संजय जायसवाल, नवीन जायसवाल समेत कई कार्यकर्ता मौजूद रहे












