Location: Shree banshidhar nagar
बंशीधर नगर (गढ़वा) : वर्तमान पुरुषोत्तम श्री श्री ठाकुर अनुकुलचंद्र जी के अनुयायियों द्वारा शनिवार की शाम जंगीपुर गांव स्थित सत्संग उपासना केंद्र उर्जीतपा के प्रांगण में भव्य सत्संग का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन एवं वंदे पुरुषोत्तम ध्वनि के साथ की गई।
इसके पश्चात संध्याकालीन विनती प्रार्थना की गई तथा सभी जीवों के कल्याणार्थ समवेत नाम जप एवं ध्यान संपन्न हुआ। सत्संग के दौरान सत्यानुसरण ग्रंथ, नारी नीति ग्रंथ एवं श्री रामचरितमानस का पाठ किया गया। वहीं अनीता देवी एवं अन्य सत्संगियों द्वारा सामूहिक भजन प्रस्तुत कर वातावरण को भक्तिमय बना दिया गया।
ईष्ट चर्चा के क्रम में ऋत्विक विजय नंदन सिन्हा ने कहा कि श्री श्री ठाकुर जी सभी जीवों तथा प्रकृति में स्थित सजीव और निर्जीव पदार्थों का समान रूप से सम्मान करते हैं। वे प्रकृति महामानव हैं। यदि प्रकृति की किसी वस्तु का अनादर होता है या उसे कष्ट पहुंचाया जाता है, तो श्री ठाकुर जी को भी कष्ट होता है। उन्होंने कहा कि प्रकृति द्वारा ही सभी जीवों को शुद्ध वायु, शुद्ध जल और अनेक प्रकार के पेड़-पौधे एवं वनस्पतियां प्राप्त होती हैं।
उन्होंने श्री हनुमान जी के गुणों का वर्णन करते हुए कहा कि श्री हनुमान जी निरंतर भगवान श्री राम का नाम जप करते थे, जिससे उन्हें श्री राम की विशेष कृपा प्राप्त हुई और वे अत्यंत बलशाली एवं गुणवान बने। उन्होंने कहा कि श्री ठाकुर जी द्वारा प्रदत्त सतनाम का जप वर्तमान समय में सभी मनुष्यों को अवश्य करना चाहिए।
सत्संगी शक्तिदास सिन्हा ने कहा कि सत्संग के माध्यम से गुरु के प्रति सच्ची भक्ति प्राप्त होती है। वहीं सत्संगी अजय दा ने सत्संग की महिमा का वर्णन करते हुए कहा कि जिन्हें सत्संग की प्राप्ति होती है, वे अत्यंत भाग्यशाली होते हैं।
कार्यक्रम का समापन जय उद्घोष एवं राधे-राधे गायन के साथ किया गया। इस अवसर पर गोविंद दा, अजय कुमार, शंकर ठाकुर, आदित्य, राजन कुमार, वृंदा देवी, अनन्या, अंजना, जागृति, सोनम सहित बड़ी संख्या में सत्संगी वृंद उपस्थित थे।











