
Location: Garhwa
गढ़वा जिले के भंडारिया और रामकंडा क्षेत्र में बाघ की मौजूदगी ने ग्रामीणों के बीच भय का माहौल पैदा कर दिया है। बाघ ने सोमवार सुबह भंडारिया प्रखंड के होमिया गांव में एक बछड़े का शिकार किया। अब तक यह बाघ कुल 9 मवेशियों को मार चुका है।
वन विभाग ने बाघ की मौजूदगी की पुष्टि की
वन विभाग ने बाघ के पदचिह्न (फुट प्रिंट) के आधार पर उसकी मौजूदगी की पुष्टि की है। हालांकि, टाइपिंग कैमरों में अब तक बाघ की तस्वीर कैद नहीं हो पाई है। विभाग ने बाघ को ट्रैक करने की प्रक्रिया तेज कर दी है और ग्रामीणों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। बताया जा रहा है कि यह बाघ पलामू टाइगर रिजर्व से भटककर इस क्षेत्र में आया है।
होमिया गांव में बछड़े का शिकार
सोमवार सुबह लगभग 10 बजे, जब पशुपालक अपने मवेशियों को जंगल में चरने के लिए छोड़ चुके थे, तभी बाघ ने सुरेंद्र कोरबा के बछड़े पर हमला किया। ग्रामीणों ने बताया कि जंगल से अचानक मवेशियों की भगदड़ मचने की आवाज सुनकर वे वहां पहुंचे। उन्होंने देखा कि बाघ बछड़े को खा रहा था। ग्रामीणों की चहल-कदमी के कारण बाघ जंगल की ओर भाग गया।
रामकंडा और भंडारिया में बाघ का आतंक
पिछले शुक्रवार को रामकंडा के परदेसी गांव में बाघ ने एक गाय का शिकार किया था। वहीं, भंडारिया वन क्षेत्र के रोदो गांव में भी बाघ ने एक भैंस को मार डाला और दूसरी भैंस पर हमला कर उसे घायल कर दिया। इसके बाद बाघ 15 किलोमीटर दूर परदेसी के जंगलों में पहुंचा और वहां एक बछड़े को मार दिया। शाम होते ही बाघ बछड़े को जंगल में खींच ले गया।
ग्रामीणों में भय का माहौल
ग्रामीणों ने बताया कि एक सप्ताह के भीतर बाघ ने भंडारिया और रामकंडा क्षेत्र में 9 मवेशियों को अपना शिकार बना लिया है। इस क्षेत्र के लोग अपने मवेशियों को जंगल की ओर ले जाने से डरने लगे हैं।
वन विभाग की सतर्कता
वन विभाग के अधिकारियों ने बाघ को पकड़ने और उसकी गतिविधियों पर नजर रखने के लिए अपनी टीम सक्रिय कर दी है। साथ ही ग्रामीणों को सतर्क रहने और बाघ के नजदीक न जाने की सलाह दी गई है।
ग्रामीणों की अपील: स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से बाघ को जल्द पकड़ने और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।